
धनतेरस, दीपावली की शुरुआत का पहला दिन माना जाता है। यह दिन धन, सुख और समृद्धि के देवता भगवान कुबेर तथा आयुर्वेद के जनक धन्वंतरि की पूजा के लिए समर्पित है। माना जाता है कि इस दिन जो भी शुभ कार्य किया जाता है, उसका फल कई गुना बढ़कर मिलता है। इसी कारण लोग इस दिन नए बर्तन, गहने, वाहन, सोना-चांदी या घर की जरूरत की चीजें खरीदते हैं। लेकिन हिंदू धर्म के अनुसार, कुछ वस्तुएं ऐसी हैं जिन्हें धनतेरस के दिन खरीदना अशुभ माना जाता है। कहा जाता है कि इन चीजों की खरीद से घर में दरिद्रता और दुर्भाग्य का प्रवेश हो सकता है। आइए जानते हैं वो 5 चीजें जिन्हें धनतेरस के दिन नहीं खरीदना चाहिए।
- लोहे की वस्तुएं
धनतेरस के दिन लोहे से बनी वस्तुएं खरीदना अशुभ माना जाता है। ज्योतिष के अनुसार, लोहा शनि ग्रह से जुड़ा होता है और यह दुर्भाग्य या नकारात्मक ऊर्जा को आकर्षित कर सकता है। इस दिन लोहे का सामान, ताला, या औजार खरीदने से घर में कलह और आर्थिक नुकसान हो सकता है।
- काले रंग की चीजें
काला रंग नकारात्मकता का प्रतीक माना गया है। इस दिन काले रंग के कपड़े, जूते या अन्य वस्तुएं खरीदने से बचना चाहिए। ऐसा करने से घर की सुख-शांति प्रभावित होती है और धन की वृद्धि रुक सकती है। इसके बजाय लाल, पीले या सुनहरे रंग की चीजें खरीदना शुभ रहता है।
- खाली बर्तन
कई लोग धनतेरस पर नए बर्तन खरीदते हैं, लेकिन ध्यान रखना चाहिए कि बर्तन खाली नहीं खरीदे जाने चाहिए। मान्यता है कि खाली बर्तन खरीदना “दरिद्रता” को आमंत्रित करता है। इसलिए जब भी बर्तन खरीदें, उसमें कोई सिक्का, मिठाई या चावल डालकर घर लाएं। ऐसा करने से घर में लक्ष्मी का वास होता है।
- कांच या टूटे बर्तन
धनतेरस के दिन कांच की वस्तुएं या पुराने, टूटे बर्तन खरीदना या घर में रखना भी अशुभ होता है। यह न केवल दुर्भाग्य लाता है बल्कि नकारात्मक ऊर्जा को भी बढ़ाता है। इस दिन घर के पुराने या टूटे बर्तन बाहर निकाल देना चाहिए ताकि नई ऊर्जा का आगमन हो सके।
- तेल या लोहे की वस्तु से जुड़ी मशीनें
तेल या लोहे से जुड़ी मशीनें जैसे गाड़ियां, औद्योगिक उपकरण या मशीनरी भी इस दिन नहीं खरीदनी चाहिए। ज्योतिष के अनुसार, इन चीजों की खरीद शनि और राहु के दोष को बढ़ा सकती है, जिससे आर्थिक हानि और तनाव बढ़ता है।
शुभ क्या खरीदें
धनतेरस के दिन सोना, चांदी, पीतल, तांबा, मिट्टी के दीये, झाड़ू, या नई झोली खरीदना शुभ माना जाता है। इससे घर में सुख-समृद्धि आती है और मां लक्ष्मी की कृपा बनी रहती है।
धनतेरस का त्योहार केवल खरीदारी का दिन नहीं, बल्कि समृद्धि और सकारात्मक ऊर्जा का स्वागत करने का अवसर है। इसलिए इस दिन कोई भी वस्तु खरीदने से पहले उसकी शुभता और धार्मिक मान्यता का ध्यान रखें। सही चीजें खरीदने से धन वृद्धि, सुख-शांति और सौभाग्य मिलता है, जबकि गलत वस्तुएं दुर्भाग्य का कारण बन सकती हैं। इस धनतेरस 2025 पर समझदारी से खरीदारी करें और अपने जीवन में खुशहाली का दीप जलाएं। by shruti kuamri
