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ट्रेन में बिक रहे खीरे की सच्चाई देख उबल पड़ा गुस्सा, तस्वीर ने खोली पोल

क्राइम रिपोर्ट :अन्नू दिवाकर

गर्मी का मौसम आते ही रेलवे स्टेशन, बस अड्डों और बाजारों में खीरे की डिमांड अचानक बढ़ जाती है. लोग इसे हेल्दी और ठंडक देने वाला फल-सब्जी मानकर खूब खाते हैं, लेकिन सोशल मीडिया पर वायरल हो रहे एक तस्वीर ने लोगों की चिंता बढ़ा दी है. तस्वीर में एक बुजुर्ग महिला सफेद पड़े खीरों को किसी केमिकल वाले पानी में डुबोती नजर आ रही है. हैरानी की बात यह है कि कुछ ही सेकंड बाद वही खीरे एकदम हरे-भरे और ताजे दिखने लगते हैं. तस्वीर देखने के बाद इंटरनेट पर लोगों का गुस्सा फूट पड़ा है और कई यूजर्स कह रहे हैं कि “अब ट्रेन में खीरा खरीदने से पहले 100 बार सोचना पड़ेगा.”


वायरल तस्वीर में साफ देखा जा सकता है कि एक बुजुर्ग महिला स्टेशन के पास बैठी है और उसके सामने सफेद रंग के खीरे रखे हुए हैं. वह उन खीरों को एक डिब्बे में मौजूद किसी तरल पदार्थ में डुबोती है. फिर कुछ ही देर में वही फीके और पुराने दिख रहे खीरे एकदम से चमकदार हरे और बिल्कुल फ्रेश नजर आने लगते हैं. तस्वीर सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल रहा है और लोगों ने इसे लेकर गंभीर सवाल उठाने शुरू कर दिए. कई लोगों का कहना है कि अगर ऐसा सच में हो रहा है तो यह सीधे लोगों की सेहत के साथ खिलवाड़ है.


फूड एक्सपर्ट्स और रिपोर्ट्स के अनुसार, सब्जियों और फलों को ताजा दिखाने के लिए कुछ जगहों पर कॉपर सल्फेट, टेक्सटाइल डाई या दूसरे हानिकारक केमिकल्स का इस्तेमाल किए जाने की बातें पहले भी सामने आती रही हैं. हालांकि, वायरल तस्वीर में इस्तेमाल हो रहे पदार्थ की आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है, इसलिए यह कहना गलत होगा कि उसमें कौन-सा केमिकल था. विशेषज्ञ मानते हैं कि कई बार सब्जियों को ज्यादा चमकदार और ताजा दिखाने के लिए कृत्रिम रंग या केमिकल का इस्तेमाल किया जाता हैं. ये चीजें देखने में तो आकर्षक लगती हैं, लेकिन शरीर के लिए नुकसानदायक हो सकती हैं.

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